Jashn-e-Ghazal
محفل کے ستارے

Shayars & Ghazal Gayaks

Azhar Iqbal
SHAYAR

Azhar Iqbal

ये पहला इश्क़ है तुम्हारा सोच लो मिरे लिए ये रास्ता नया नहीं
Abhishreshtha Tiwari
SHAYAR

Abhishreshtha Tiwari

जिस रोज़ से पड़ी तेरे सिन्दूर पे नज़र उस दिन से आज तक मेरा चेहरा उदास है
Shahbaz Talib
SHAYAR

Shahbaz Talib

सारे अल्फ़ाज़ ये तुम्हारे थे , बिन तेरे ज़िन्दगी नहीं होती दूर होके भी मुझसे ज़िन्दा हो , तुमको शर्मिंदगी नहीं होती
Charagh Sharma
SHAYAR

Charagh Sharma

तुम्हारा क्या है तुम्हें सिर्फ़ ज्ञान देना है हमारी सोचो हमें इम्तिहान देना है
Dr. Bhawana Srivastava
SHAYAR

Dr. Bhawana Srivastava

गुनाह-ए-इश्क़ में इस बात की तस्कीन होती है हुआ हो जुर्म गहरा तो सज़ा संगीन होती है
Ranjeet Singh Chauhan
SHAYAR

Ranjeet Singh Chauhan

दरिया तलाशना कहीं सहरा तलाशना मुश्किल है ख़ुद के जिसे ही दुनिया तलाशना
Sujit Sahgal Haasil
SHAYAR

Sujit Sahgal Haasil

इश्क़ मेरा ग़ुरूर था उन का , मुझ पे हर पल सुरूर था उन का बस निगाहों से क़त्ल कर बैठे , और तो क्या क़ुसूर था उन का
Shariq Kaifi
SHAYAR

Shariq Kaifi

वो बात सोच के मैं जिस को मुद्दतों जीता बिछड़ते वक़्त बताने की क्या ज़रूरत थी
Ashwani Mittal Aish
SHAYAR

Ashwani Mittal Aish

उबलते वक़्त पानी सोचता होगा ज़रूर अगर बर्तन न होता तो बताता आग को
Ibrahim Ali Zeeshan
SHAYAR

Ibrahim Ali Zeeshan

आज आऊँगा तिरे पास मोहब्बत ले कर मुद्दतें हो गईं 'इज़्ज़त का जनाज़ा निकले
Navin Joshi Nava
SHAYAR

Navin Joshi Nava

ज़माने भर की लाशों पर भी हो जाए खड़ी नफ़रत पर उस का क़द मोहब्बत के बराबर हो नहीं सकता
Nrityanjali — 'Anjuman'
KATHAK

Nrityanjali — 'Anjuman'

नृत्य में भी शेर है हर क़दम पर एक ग़ज़ल